14 से 16 अगस्त तक दून लाइब्रेरी में फोटो-फिल्म प्रदर्शनी,
देहरादून। भारत विभाजन की पीड़ा,विस्थापन और उससे जुड़ी स्मृतियों को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के उद्देश्य से विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के अवसर पर देहरादून में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।14अगस्त को दून लाइब्रेरी एवं शोध केंद्र में विभाजन विभीषिका और उससे जुड़ी ऐतिहासिक स्मृतियों पर आधारित तीन दिवसीय विशेष फोटो एवं फिल्म प्रदर्शनी का शुभारंभ होगा। प्रदर्शनी 14,15 एवं 16अगस्त को प्रातः10बजे से शाम 7 बजे तक आमजन के अवलोकन के लिए खुली रहेगी।प्रदर्शनी के माध्यम से वर्ष 1947 में भारत विभाजन के दौरान विस्थापन,संघर्ष और पीड़ा झेलने वाले लाखों लोगों की स्मृतियों और इतिहास के उन मार्मिक अध्यायों को सामने लाया जाएगा,जिन्हें याद रखना आने वाली पीढ़ियों के लिए आवश्यक है।प्रदर्शनी आमजन को उस दौर की परिस्थितियों को समझने और विभाजन की मानवीय त्रासदी से रूबरू होने का अवसर प्रदान करेगी।वहीं,14अगस्त की शाम 6ः30बजे जुगमन्दर हॉल,नगर निगम देहरादून में देशभक्ति,राष्ट्रप्रेम,राष्ट्रीय एकता एवं सामाजिक सरोकारों पर आधारित भव्य कवि सम्मेलन आयोजित किया जाएगा।कवि सम्मेलन के माध्यम से राष्ट्रप्रेम, एकता और सामाजिक सद्भाव का संदेश दिया जाएगा।विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रमों में प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी प्रतिभाग करगें। जिलाधिकारी डॉ.आशीष चौहान ने विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के अवसर पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।उन्होंने कहा कि वर्ष 1947 के विभाजन की विभीषिका झेलने वाले लोगों को कार्यक्रम में सम्मानपूर्वक आमंत्रित किया जाए,ताकि उनकी स्मृतियों और अनुभवों को समाज के सामने लाया जा सके।जिलाधिकारी ने कहा कि विभाजन की त्रासदी केवल इतिहास का एक अध्याय नहीं,बल्कि लाखों परिवारों के जीवन से जुड़ी ऐसी पीड़ा है,जिसे स्मरण करना हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है।शहर में स्थापित एलईडी स्क्रीन के माध्यम से विभाजन विभीषिका से संबंधित लघु फिल्मों का प्रसारण करने को भी कहा।जिलाधिकारी ने कार्यक्रम स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस अधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने तथा सभी आवश्यक सुरक्षा इंतजाम सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।बैठक में अपर जिलाधिकारी (वि.रा.) केके मिश्रा,सिटी मजिस्ट्रेट राकेश चन्द्र तिवारी,एसडीएम रवीन्द्र ज्वांठा,डीडीओ सुनील कुमार,जिला पर्यटन विकास अधिकारी जसपाल चौहान सहित संस्कृति,शिक्षा एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।