हरिद्वार: कनखल कोतवाली पुलिस की लगातार हो रही दबिश और बढ़ते दबाव के आगे आखिरकार एक आरोपी ने घुटने टेक दिए। नाबालिग को अपनी बातों में फंसाकर दुष्कर्म करने, उसकी फोटो-वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने और एक लाख रुपये ऐंठने के मामले में फरार चल रहे आरोपी ने पुलिस के डर से कनखल कोतवाली पहुंचकर खुद सरेंडर कर दिया।
क्या है पूरा मामला?
3 सितंबर को पीड़िता की मां ने कनखल कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई थी। तहरीर के अनुसार, आरोपी ने नाबालिग से दोस्ती कर उसे झांसे में लिया और फिर उसके साथ दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया। इसके बाद आरोपी ने अश्लील फोटो व वीडियो बनाकर उसे सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी दी और ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया।
बदनामी के डर से नाबालिग ने आरोपी को करीब एक लाख रुपये भी दे दिए, लेकिन आरोपी की पैसों की भूख यहीं खत्म नहीं हुई और वह लगातार और रकम की मांग करता रहा। परेशान होकर परिजनों ने पुलिस की शरण ली, जिसके आधार पर पुलिस ने पॉक्सो (POCSO) अधिनियम समेत संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया।
फरारी में बदले कई ठिकाने
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) के कड़े निर्देशों के बाद कनखल पुलिस की टीम ने आरोपी की धरपकड़ के लिए ताबड़तोड़ छापेमारी शुरू की। गिरफ्तारी के डर से आरोपी दिल्ली, नोएडा, अलीगढ़, बरेली और हरिद्वार में अपने ठिकाने बदल-बदल कर छिपता रहा।
कानूनी शिकंजे से घिरकर किया आत्मसमर्पण
पुलिस टीम द्वारा संभावित ठिकानों पर लगातार दी जा रही दबिश से घबराकर और खुद को चारों तरफ से घिरता देख आरोपी सीधे कनखल कोतवाली पहुंचा और आत्मसमर्पण कर दिया। पुलिस ने उसे तुरंत हिरासत में लेकर वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है और चालान पेश कर जेल भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
आरोपी की पहचान:
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी की पहचान गौरव कुमार (पुत्र धनपाल), निवासी ग्राम बफरी बुजुर्ग, थाना शाही, जिला बरेली (उत्तर प्रदेश) के रूप में हुई है, जो वर्तमान में सगरावाला, जगजीतपुर (थाना कनखल, हरिद्वार) में रह रहा था।